Solar stove इस चूल्हे से घटेगा रसोई गैस का खर्चा

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इंडियन ऑयल ने बनाया सूर्य नूतन इनडोर सोलर कुकिंग सिस्टम
केंद्रीय मंत्रियों ने भी देखा और परखा


जयपुर.
भयंकर महंगाई से परेशान आम जनता के लिए राहत की खबर है। एक नए चूल्हे का विकास अगर सफल रहा तो रसोई गैस के बढ़ते दामों से छुटकारा मिल जाएगा। सरकारी कंपनी इंडियन ऑयल ने एक सोलर चूल्हे का विकास किया है जिससे खाना बनाया जा सकता है। केंद्रीय मंत्रियों ने भी इसे चूल्हे को देखा और परखा है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 25 सितंबर 2017 को पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के अधिकारियों को अपने संबोधन में हमारी रसोई को बिजली देने के लिए एक व्यवहार्य सौर समाधान विकसित करने के बारे में दी गई चुनौती और प्रेरणा के अनुसरण में इंडियन ऑयल तथा पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने एक स्वदेशी सोलर कुक टॉप सूर्य नूतन विकसित किया है।
केन्द्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस तथा आवास एवं शहरी कार्य मंत्री हरदीप पुरी के आवास पर केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री गिरिराज सिंह, वाणिज्य और उद्योग राज्य मंत्री सोम प्रकाश, आवास और शहरी कार्य राज्य मंत्री कौशल किशोर, उत्तर प्रदेश के वित्त और संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना, इंडियन ऑयल के अध्यक्ष श्रीकांत माधव वैद्य, इंडियन ऑयल के निदेशक (आरएंडडी) डॉ. एसएसवी. रामस्रह्नमारए वरिष्ठ अधिकारियों और प्रमुख पत्रकारों की उपस्थिति में सूर्य नूतन का प्रदर्शन किया गया। सूर्य नूतन सोलर कुक टॉप पर बनाया गया खाना अतिथियों को परोसा गया।
इस सोलर कुक की प्रमुख विशेषताएं है। सूर्य नूतन एक स्थान पर स्थापित रिचार्जेबल और रसोई से हमेशा जुड़ी हुई एक इनडोर सोलर कुकिंग प्रणाली है। यह इंडियन ऑयल के अनुसंधान एवं विकास केंद्र फरीदाबाद द्वारा डिजाइन और विकसित किया गया एक पेटेंट उत्पाद है। यह सूर्य के माध्यम से चार्ज करते समय ऑनलाइन कुकिंग मोड प्रदान करता है जो सिस्टम दक्षता को अधिकतम करता है और सूर्य से ऊर्जा का सर्वाधिक उपयोग सुनिश्चित करता है। यह एक हाइब्रिड मोड पर काम करता है अर्थात सौर और सहायक ऊर्जा स्रोत दोनों पर एक साथ काम कर सकता है जो सूर्य नूतन को सभी मौसमों के लिए एक विश्वसनीय खाना पकाने का समाधान बनाता है। सूर्य नूतन का इन्सुलेशन डिजाइन विकिरण और प्रवाहकीय गर्मी के नुकसान को कम करता है।
सूर्य नूतन तीन अलग अलग मॉडलों में उपलब्ध है। सूर्य नूतन का प्रीमियम मॉडल नाश्ता, दोपहर का भोजन, रात का खाना और चार लोगों के परिवार के लिए पूरा भोजन बना सकता है। प्रारंभ में बेस मॉडल के लिए उत्पाद की लागत लगभग 12000 रुपये और शीर्ष मॉडल के लिए 23000 रुपये है। हालांकि आर्थिक लागत में काफी कमी आने की उम्मीद है। यदि इसके टॉप मॉडल के लिए 12000 और 14000 रूपए की लागत आती है और हम कल्पना करें कि एक वर्ष में 6 से 8 एलपीजी सिलेंडरों की खपत हो तो खरीदार को पहले 1.2 वर्षों में ही इस उत्पाद की लागत वसूल हो जाती है।
सूर्य नूतन का उपयोग सभी मौसमों और ऋतुओं में किया जा सकता हैए जिसमें सूर्य लंबे समय तक या लगातार उपलब्ध नहीं रहता है जैसे मानसून और अत्यधिक सर्दी। सूर्य नूतन में किसी भी इनडोर उपकरण के लिए आवश्यक सभी सुरक्षा पहलू अंतर्निहित हैं। सूर्य नूतन एक निम्नतम रखरखाव वाली प्रणाली है और उत्पाद काफी टिकाऊ है। यह एक एक मॉड्यूलर प्रणाली है और इसे आवश्यकता के अनुसार विभिन्न आकारों में डिजाइन किया जा सकता है।
भारत वर्तमान में अपनी एलपीजी आवश्यकताओं का 50 प्रतिशत आयात करता है। यह देश में कार्बन डाइऑक्साइड के उत्सर्जन को भी काफी कम करेगा। हालांकि इस चूल्हे की कीमत को देखते हुए इसकी कीमत में कमी लाने के प्रयास और मध्यम वर्ग को सब्सिडी उपलब्ध कराई जानी चाहिए।

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